शांति मंत्र एक शांति प्रार्थना मंत्र जिसमें हम ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि वह सारे संसार में सुख और शांति बनाए रखे और इसके साथ ही है समस्त प्रकृति जैसे पेड़, आकाश, हवा, जल, धरती से भी शांति की प्रार्थना करते हैं।
शांति मंत्र:
ॐ द्यौ: शान्तिरन्तरिक्षॅं शान्ति:,
पृथ्वी शान्तिराप: शान्तिरोषधय: शान्ति:।
वनस्पतय: शान्तिर्विश्र्वे देवा: शान्तिर्ब्रह्म शान्ति:,
सर्वॅंशान्ति:, शान्तिरेव शान्ति:, सा मा शान्तिरेधि।।
ॐ शान्ति: शान्ति: शान्ति:।।
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शांति मंत्र (पाठ) हिंदी में अर्थ
शान्ति: कीजिये, भगवन त्रिभुवन में,त्रिलोक में, जल में, थल में और गगन में,
अन्तरिक्ष में, अग्नि पवन में, औषधि, वनस्पति, वन, उपवन में,
सकल विश्व में अवचेतन में !
शान्ति राष्ट्र-निर्माण सृजन, नगर, ग्राम और भवन में
जीवमात्र के तन, मन और जगत के कण कण में,
ॐ शान्ति: ! शान्ति: ! शान्ति:॥
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शांति मंत्र के फायदे
इस मंत्र के जाप से मनुष्यों को आंतरिक शांति मिलती है। इसके जाप से सकारात्मक ऊर्जा का संचार शरीर में होता है साथ ही बीमारियाँ और दुष्प्रभाव से मुक्ति मिलती है।
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