सनातन धर्म में भगवान विष्णु को सृष्टि के पालनकर्ता और भक्तों के रक्षक के रूप में पूजा जाता है। “अक्षरं परमं ब्रह्म” मंत्र भगवान विष्णु के परम, सनातन और दिव्य स्वरूप का स्मरण कराता है। यह मंत्र हमें याद दिलाता है कि प्रभु न केवल साकार रूप में, बल्कि परम ब्रह्म, ज्योतिर्मय और सर्वव्यापी सत्ता Read More
भगवान हनुमान जी की पूजा आरंभ करने से पहले उनका स्मरण और वंदन करना अत्यंत शुभ माना जाता है। “नमो हनुमते तुभ्यं नमो मारुतसूनवे…” हनुमान स्तुति की प्रारंभिक पंक्तियाँ हैं, जिन्हें हनुमान प्रणाम मंत्र या हनुमान वंदना मंत्र के नाम से भी जाना जाता है। यह मंत्र भगवान हनुमान के प्रति श्रद्धा, भक्ति और समर्पण Read More
पूजा से पहले बोला जाने वाला शुक्लाम्बरधरं विष्णुं मंत्र शुक्लाम्बरधरं विष्णुं मंत्र भगवान विष्णु का एक अत्यंत पवित्र ध्यान मंत्र है, जिसका उच्चारण पूजा, हवन, यज्ञ, धार्मिक अनुष्ठान या किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत से पहले किया जाता है। सनातन परंपरा में माना जाता है कि इस मंत्र के जप से भगवान विष्णु का Read More
दिनभर की भागदौड़ में हमसे कई बार जाने-अनजाने में ऐसी गलतियां हो जाती हैं जिनका हमें स्वयं भी एहसास नहीं होता। ऐसे में भगवान शिव की यह क्षमा प्रार्थना मंत्र अत्यंत प्रभावशाली और भावपूर्ण माना जाता है। रात को सोने से पहले इस मंत्र का श्रद्धापूर्वक पाठ करने से मन शांत होता है और व्यक्ति Read More
जनकसुता जग जननि जानकी चौपाई श्रीरामचरितमानस के बालकाण्ड से ली गई एक अत्यंत पवित्र चौपाई है। इसमें गोस्वामी तुलसीदास जी माता सीता की वंदना करते हुए उनसे निर्मल बुद्धि, सद्बुद्धि और ईश्वर की कृपा की प्रार्थना करते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस चौपाई का श्रद्धापूर्वक जप करने से मन में शांति, सकारात्मक विचार और Read More
गणपति जी का ध्यान किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत से पहले भगवान श्री गणेश का स्मरण करने का एक सुंदर और मंगलकारी स्तोत्र है। हिंदू धर्म में भगवान गणेश को प्रथम पूज्य, विघ्नहर्ता, बुद्धि के दाता और शुभता के प्रतीक के रूप में पूजा जाता है। इस ध्यान श्लोक का नियमित पाठ करने से Read More
“रामाय रामभद्राय रामचंद्राय वेधसे । रघुनाथाय नाथाय सीतायाः पतये नमः ॥” भगवान श्रीराम को समर्पित एक अत्यंत पवित्र और लोकप्रिय प्रणाम मंत्र है। इस मंत्र में भगवान श्रीराम के विभिन्न दिव्य नामों का स्मरण करते हुए उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया जाता है। इसलिए इसे श्रीराम प्रणाम मंत्र या भगवान श्रीराम को प्रणाम करने का मंत्र Read More
सनातन धर्म में अनेक ऐसे मंत्र हैं जो केवल शब्दों का समूह नहीं, बल्कि ईश्वर के प्रति पूर्ण समर्पण का संदेश देते हैं। “अन्यता शरणं नास्ति त्वमेव शरणं मम। तस्माद् कारुण्य भावेन रक्ष रक्ष जनार्दन॥” ऐसा ही एक अत्यंत पवित्र और प्रभावशाली मंत्र है। यह मंत्र भगवान श्री विष्णु और भगवान श्रीकृष्ण की शरणागति का Read More
मंगला गौरी स्तुति माता पार्वती के मंगलमय स्वरूप माँ मंगला गौरी को समर्पित एक अत्यंत पवित्र और प्रभावशाली स्तुति है। सनातन धर्म में माँ मंगला गौरी को सौभाग्य, सुख, समृद्धि, वैवाहिक जीवन की खुशहाली और मनोकामना पूर्ण करने वाली देवी माना जाता है। श्रद्धालु विशेष रूप से श्रावण मास के मंगलवार, मंगला गौरी व्रत तथा Read More
श्री वेंकटेश सुप्रभातम् भगवान श्री वेंकटेश्वर (भगवान विष्णु) की प्रातःकालीन आराधना का अत्यंत प्रसिद्ध संस्कृत स्तोत्र है। इसे प्रतिदिन सूर्योदय से पहले भगवान को जागृत करने के लिए गाया जाता है। विशेष रूप से आंध्र प्रदेश के तिरुमला स्थित श्री वेंकटेश्वर मंदिर में प्रतिदिन ब्रह्म मुहूर्त में इस सुप्रभातम् का पाठ किया जाता है। करोड़ों Read More

