ऊं देवकी सुत गोविंद वासुदेव जगत्पते. देहि मे तनयं कृष्ण त्वामहं शरणं गत:
मंत्र के फायदे (Benefits of Mantra)
इस मंत्र का जाप गुणवान संतान प्राप्ति के लिए किया जाता है। इसके जाप से भगवान कृष्ण के समान संतान की प्राप्ति होती है। अगर आप गुणवान और स्वस्थ संतान चाहती हैं तो गर्भावस्था के दौरान रोजाना एक बार इस मंत्र का जाप करें। मान्यता है कि इससे कृष्ण जैसी संतान का जन्म होता है।
मंत्र का जाप कब करें ? (When to chant the Mantra?)
गर्भवती महिलाओं को गर्भावस्था के 9 महीनों तक रोजाना भगवान गणेश के सामने इस मंत्र का जाप करना चाहिए। मंत्र की संख्या 108 रखें। प्रसव का समय नजदीक आने पर इसकी संख्या बढ़ा दें।


